गुरु सुदर्शन जय गुरु अरुण
एक एवरेस्ट की चोटी पर फतेह करने के लिए 20 सलाहकार देने पड़े तो देगे, लेकिन हिम्मत नही हारेगे। धरती में से तेल निकालने के लिए हज़ार बार कुए खोदने पड़े तो खोदेगे, हिम्मत नही हारेगे। एक जंग जितने के लिए 60 बार हारना पड़े तो हारेगे पर निराश नही होगे। एक अविष्कार के लिए 80 बार प्रयास करना पड़े तो करेगे लेकिन बगैर सफल हुए चैन की साँस नही लेगे और एक मुक्ति के लिए 100 जन्म लेने पड़े तो लेगे लेकिन मुक्ति पथ नही छोड़ेगे।
जब किसी हर के कारण आप निराश होते है तो मन में सुकून नही रहेगा। हार से मन को घायल न करे, कायर न बने। जिंदगी से निराश आदमी सोचते है कि सामने वाले मुझे समझे, मेरी help करे, मेरे साथ बैठकर अफ़सोस करे, आपदूसरो से सहायता की याचना करते है ये भी एक पागलपन है।
क्रमश:
एक एवरेस्ट की चोटी पर फतेह करने के लिए 20 सलाहकार देने पड़े तो देगे, लेकिन हिम्मत नही हारेगे। धरती में से तेल निकालने के लिए हज़ार बार कुए खोदने पड़े तो खोदेगे, हिम्मत नही हारेगे। एक जंग जितने के लिए 60 बार हारना पड़े तो हारेगे पर निराश नही होगे। एक अविष्कार के लिए 80 बार प्रयास करना पड़े तो करेगे लेकिन बगैर सफल हुए चैन की साँस नही लेगे और एक मुक्ति के लिए 100 जन्म लेने पड़े तो लेगे लेकिन मुक्ति पथ नही छोड़ेगे।
जब किसी हर के कारण आप निराश होते है तो मन में सुकून नही रहेगा। हार से मन को घायल न करे, कायर न बने। जिंदगी से निराश आदमी सोचते है कि सामने वाले मुझे समझे, मेरी help करे, मेरे साथ बैठकर अफ़सोस करे, आपदूसरो से सहायता की याचना करते है ये भी एक पागलपन है।
क्रमश: